मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी शनिवार को केंद्रीय मंत्री ललन सिंह के साथ मां जानकी की प्राकट्य स्थली सीतामढ़ी के पुनौराधाम पहुंचे।दोपहर 12:20 बजे पहुंचे मुख्यमंत्री ने ऐतिहासिक पुनौराधाम में माता सीता, भगवान श्रीराम और लक्ष्मण की प्रतिमाओं को गर्भगृह से अस्थायी काष्ठ मंडप में शिफ्ट करने के कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने विशेष पूजा-अर्चना और आरती में भाग लिया।पूजा के बाद मुख्यमंत्री ने भगवान सियावर रामचंद्र का जयकारा लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार ने 31 दिसंबर 2028 तक पुनौराधाम में भव्य और दिव्य मंदिर निर्माण पूरा करने का संकल्प लिया है।तय समय सीमा के भीतर मंदिर तैयार कर सीताराम काष्ठ मंडपम में रखी गई माता सीता, भगवान श्रीराम और लक्ष्मण की प्रतिमाओं को नए गर्भगृह में उसी स्थान पर पूर्ण गरिमा के साथ पुनर्प्रतिष्ठित किया जाएगा।इसके बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी राघोपुर बखरी पहुंचे। यहां उन्होंने नव निर्मित हैचरों से अंडा एवं बीज उत्पादन की प्रक्रिया और ब्रूड बैंक के तालाबों का निरीक्षण किया। उन्होंने लाभुकों के बीच आक्सीजेनरेटेड बैग के साथ स्पान का वितरण भी किया।

