
संवाददाता राजेन्द्र कुमार
राजापाकर, वैशाली राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय राजापाकर परिसर में 19 जुलाई को आयोजित सरस्वती विद्या निकेतन (आदर्श विद्यालय) के उद्घाटन समारोह में स्थानीय विधायक महेंद्र राम को मुख्य अतिथि नहीं बनाए जाने का मामला तूल पकड़ने लगा है. एक ओर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने इस मामले में विद्यालय के प्रधानाध्यापक विजय कुमार से 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है. वहीं जदयू प्रखंड अध्यक्ष सह बीस सूत्री अध्यक्ष अवधेश राय ने भी इसे प्रोटोकॉल का उल्लंघन बताते हुए नाराजगी जताई है.जदयु प्रखंड अध्यक्ष अवधेश राय ने आरोप लगाया कि प्रधानाध्यापक विजय कुमार ने राजनीतिक कारणों से स्थानीय विधायक महेंद्र राम को कार्यक्रम में मुख्य अतिथि का स्थान नहीं दिया. उन्होंने कहा कि विभागीय निर्देशों के अनुसार स्थानीय विधायक को कार्यक्रम में मुख्य अतिथि बनाया जाना था. लेकिन इसका पालन नहीं किया गया. उन्होंने कहा कि इसी कारण प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को प्रधानाध्यापक से स्पष्टीकरण मांगना पड़ा. जदयू प्रखंड अध्यक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि संबंधित प्रधानाध्यापक के कार्यकाल में पूर्व में भी कई अनियमितताएं सामने आ चुकी हैं. उन्होंने नौवीं एवं ग्यारहवीं कक्षा के विद्यार्थियों से वार्षिक परीक्षा में शामिल कराने के नाम पर अवैध राशि वसूली के मामले का उल्लेख करते हुए कहा कि इस पूरे प्रकरण का संज्ञान जिला शिक्षा पदाधिकारी एवं जिलाधिकारी को लेकर उचित कार्रवाई करनी चाहिए .वही प्रधानाध्यापक विजय कुमार ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि विधायक महेंद्र राम को आमंत्रण पत्र भेजा गया था. उन्होंने बताया कि आमंत्रण पत्र पर भूलवश “मुख्य अतिथि” अंकित नहीं हो सका. उनकी ऐसी कोई मंशा नहीं थी. उन्होंने कहा कि कार्यक्रम की तैयारी के लिए मात्र दो दिन का समय मिला था. जिसके कारण जल्दबाजी में यह त्रुटि हो गई.उल्लेखनीय है कि प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि कार्यक्रम में प्रोटोकॉल का पालन नहीं किए जाने से उन्हें जनप्रतिनिधि के समक्ष असहज स्थिति का सामना करना पड़ा. पत्र में प्रधानाध्यापक से 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश देते हुए चेतावनी दी गई है कि संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर विभागीय कार्रवाई के लिए वरीय अधिकारियों को अनुशंसा की जाएगी.

